सोजत: अजय कुमार जोशी। सोजत महोत्सव समिति के बैनर तले राजकीय महाविद्यालय सोजत में “युवाओं में नशा एवं आत्महत्याओं की बढ़ती हुई प्रवृत्ति” विषय पर भाषण प्रतियोगिता आयोजित की गई। प्रतियोगिता में युवा वक्ताओं ने खुलकर अपने विचार व्यक्त किए और नशा-मुक्त समाज व आत्महत्या रोकथाम पर गंभीर संदेश दिए।
प्रतियोगिता में प्रथम स्थान पर राजकीय महाविद्यालय की छात्रा जागृति राजपुरोहित को ₹ 2,100, द्वितीय स्थान पर सरस्वती शिक्षण प्रशिक्षण महाविद्यालय की छात्रा डिंपल प्रजापत को ₹ 1,100 तथा तृतीय स्थान पर वी-सोच महाविद्यालय की छात्रा सीमा सीरवी और राजकीय महाविद्यालय की छात्रा ईशिता राजपुरोहित को ₹ 500-500 की पुरस्कार राशि, मोमेंटो और प्रशस्ति-पत्र प्रदान किए गए। पुरस्कार युवा उद्यमी आकाश चौहान, माणक राज चौहान और भवानी शंकर सोनी द्वारा वितरित किए गए।

विधायक शोभा चौहान की बड़ी घोषणा:-
कार्यक्रम की अध्यक्षता कर रही विधायक श्रीमती शोभा चौहान ने पूर्व काबिना मंत्री लक्ष्मीनारायण दवे के आग्रह पर महाविद्यालय की शेष बची दीवार के निर्माण के लिए विधायक कोष से ₹ 25 लाख देने की घोषणा की।
विधायक ने युवाओं को संबोधित करते हुए कहा— “नशा शरीर की जड़ों को खोखला कर देता है। हमें अपने आस-पास के परिवेश में नशा विरोधी जागरूकता अभियान चलाना चाहिए।”
पूर्व काबिना मंत्री लक्ष्मीनारायण दवे ने आगाह करते हुए कहा— “पहले नशा एक शौक लगता है, फिर धीरे-धीरे आदत बनकर जीवन को पतन की ओर ले जाता है।”


जोशीले भाषण और तालियों की गूँज:- प्रतियोगिता में डिंपल प्रजापत ने राजस्थानी भाषा में जोरदार भाषण दिया। उनका भाषण “जैसी संगत करोला, वैडी रंगत आवेला” से शुरू हुआ, जिस पर सभागार तालियों की गड़गड़ाहट से गूंज उठा। कार्यक्रम का संचालन चेतन व्यास ने किया।
मंच से संबोधित गणमान्य:- भाषण प्रतियोगिता में चेयरमेन प्रतिनिधि जुगल किशोर निकुम, महाविद्यालय के प्राचार्य सुभाष नवल, एसीबीईईओ बगदाराम जांगिड़ और श्रीमती राजबाला गुप्ता ने भी उपस्थित लोगों को संबोधित किया।
प्रतिभागियों की सहभागिता:- प्रतियोगिता में जागृति राजपुरोहित, डिंपल प्रजापत, ईशिता राजपुरोहित, सीमा सीरवी, रविना सैन, भव्य व्यास, ध्रुव सिंह, रामलता चौधरी, सुनील नाथ, हीना बंजारा, समदा देवासी, कीर्ति जांगिड़, दिलीप, रुद्राक्ष सिंगाडिया, योगेश गहलोत, राशि त्रिपाठी सहित अनेक छात्रों ने भाग लिया।
ये रहे निर्णायक मंडल:- भाषण प्रतियोगिता के निर्णायक थे— डॉ. आरती पालीवाल (सहायक प्राचार्य), बगदाराम जांगिड़ (एसीबीईईओ प्रथम) और प्रो. शहादत।
गणमान्य नागरिको की उपस्थिति:- आयोजन में नरपत सोलंकी, पुखसिंह रुदिया, धीरेन्द्र कुमार, हितेन्द्र व्यास, राजेश अग्रवाल, सत्य नारायण गोयल, पूर्व खेल अधिकारी सत्लुसिंह भाटी, चुन्नीलाल बोस, रसीद गौरी, ताराचंद सैनी, अजय जोशी, श्याम लाल, श्याम सिंह चौहान, दिनेश व्यास, भव्य व्यास, रवि अग्रवाल और मदन गहलोत सहित बड़ी संख्या में गणमान्य नागरिक, छात्र-छात्राएँ और अभिभावक उपस्थित रहे।










